Friday, September 30, 2022

छत्तीसगढ़ में पेट्रोल टैंकर संचालकों की हड़ताल खत्म: जिला प्रशासन के हस्तक्षेप पर माना BPCL प्रबंधन, जल्द ही ढुलाई का नया रेट जारी होगा

More articles


  • Hindi News
  • Local
  • Chhattisgarh
  • Raipur
  • Petrol Tanker Operator’s Strike Ends In Chhattisgarh: BPCL Management Agreed On The Intervention Of The District Administration, A New Rate Of Transportation Will Be Released Soon

रायपुर13 मिनट पहले

  • कॉपी लिंक

ट्रांसपोर्टरों की हड़ताल की वजह से मंगलवार को दिन भी आपूर्ति बाधित रही। हालांकि कहीं से भी पेट्रोल-डीजल खत्म होने की सूचना नहीं है।

छत्तीसगढ़ में पेट्रोल टैंकर संचालकों की हड़ताल खत्म हो गई है। भारत पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड-BPCL प्रबंधक नया रेट जारी करने पर सहमत हो गया है। इसके लिए रायपुर जिला प्रशासन के हस्तक्षेप के बाद यह सहमति बनी है। इसके साथ ही टैंकर संचालकों ने पेट्रोल-डीजल की ढुलाई शुरू कर दी है।

छत्तीसगढ़ पेट्रोलियम टैंकर ऑनर एसोसिएशन के अध्यक्ष विनोद उपाध्याय ने बताया, “BPCL प्रबंधन के साथ उनकी बातचीत मंगलवार से ही चल रही थी। बुधवार को रायपुर एडीएम एनआर साहू, आरंग एसडीएम अतुल विश्वकर्मा और खाद्य विभाग के अधिकारियों ने BPCL के टेरिटरी मैनेजर और संचालकों की बैठक कराई। लंबी चर्चा के बाद कंपनी प्रबंधन ने माना कि पेट्रोलियम ढुलाई के लिए अभी दिया जा रहा रेट अव्यवहारिक है। उन्होंने नया रेट जारी करने पर सहमति जताई है। उसके लिए कंपनी प्रबंधन ने समय मांगा है। अधिकारियों ने नया टेंडर निकलने पर 15 दिन का वक्त भी देने को कहा है ताकि सभी लोग उस प्रक्रिया में शामिल हो सकें। रेट बढ़ाकर नया टेंडर जारी करने के आश्वासन के बाद टैंकर संचालकों ने हड़ताल खत्म करने की घोषणा की है।’ संचालकों का कहना है कि उनके टैंकर ने तेल लोड करना शुरू कर दिया है। हड़ताल खत्म होने के बाद प्रदेश के पेट्रोप पंप पर तेल संकट का खतरा टल गया है।

कंपनी के साथ यह था टैंकर संचालकों का विवाद

टैंकर ट्रांसपोर्टरों का कहना था, कंपनी प्रत्येक पांच साल पर पेट्रोल परिवहन का टेंडर जारी करती है। 2017 से 2022 के लिए कंपनी ने 3.65 रुपया प्रति किलोमीटर पर टेंडर किया था। इस बार 2027 तक के लिए टेंडर होना है तो कंपनी 2.72 रुपया प्रति किमी की दर लेकर आई है। इसी बीच पेट्रोल-डीजल के दाम में बेतहासा वृद्धि हुई है। अगले पांच सालों में इसके कम होने के आसार भी नहीं दिख रहे हैं। आशंका है कि दाम और बढ़ेंगे। ऐसे में अगर 2.72 रुपया प्रति किमी की दर से ट्रांसपोर्ट किया गया तो हमारा पूरा कारोबार घाटे में चला जाएगा।

10% रेट बढ़ाने की मांग

हड़ताली ट्रांसपोर्टरों का कहना था कि कंपनी की पुरानी दर ही उनको कुछ सालों से भारी पड़ रही थी। कंपनी ने नई दर पहले से भी 30% कम रखी है। इसकी वजह से उनकी दिक्कत बढ़ेगी। उनके साथ इस कारोबार से प्रत्यक्ष-अप्रत्यक्ष जुड़े 900 से 1200 लोग बुरी तरह प्रभावित होंगे। इसमें टैंकरों के ड्राइवर, क्लिनर, मैनेजर और दूसरे लोग शामिल हैं। उनकी मांग है कि कंपनी पुराने रेट में 10% की वृद्धि कर नया रेट जारी करे।

छत्तीसगढ़ में पेट्रोल-डीजल के संकट का खतरा:पेट्रोलियम ट्रांसपोर्टरों की हड़ताल, रेट विवाद में BPCL डिपो के पास खड़े कर दिए 250 टैंकर

खबरें और भी हैं…



Source link

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Latest